शिखर दर शिखर बढ़ता जुनून: रजत ठाकुर ने 159वीं चोटी फतह की, अब लक्ष्य एवरेस्ट
मनाली: कुछ उपलब्धियाँ सिर्फ आँकड़े नहीं होतीं उनके पीछे वर्षों की मेहनत, जुनून, अनुशासन, साहस और एक अटूट सपना होता है। कुछ ऐसा ही कारनामा देवभूमि मनाली के युवा रजत ठाकुर ने कर दिखाया है। 15 अगस्त को मनाली के रजत ठाकुर ने कांग यत्से II (6,250 मीटर) का सफलतापूर्वक समिट कर शिखर पर तिरंगा फहराया और अपनी पर्वतारोहण यात्रा में एक और गौरवपूर्ण अध्याय जोड़ दिया।
इस चढ़ाई के साथ रजत ने अब 159 चोटियों का सफल आरोहण पूरा कर लिया है, जिनमें 5,000 मीटर से लेकर 7,000 मीटर से अधिक ऊँचाई तक की 39 चोटियाँ शामिल हैं। पिछले 14 वर्षों से रजत लगातार पहाड़ों की चढाई कर रहे हैं और हिमालय की कई चुनौतीपूर्ण चोटियों, जिनमें त्रिशूल और सासेर कांगरी जैसी चोटियाँ शामिल हैं, और अपने साहस और दृढ़ संकल्प की मिसाल कायम कर चुके हैं।
रजत का कहना है कि 159 समिट के बाद भी अभी उनका सपना अभी बाकी है। पिछले 14 वर्षों से रजत की निगाहें दुनिया की सबसे ऊँची चोटी माउंट एवरेस्ट (8,849 मीटर) पर टिकी हैं उस अंतिम सपने पर, जहाँ दुनिया की छत पर खड़े होकर तिरंगा फहराना है। जब तक वह सपना पूरा नहीं होता, यह सफर जारी रहेगा।