चन्ननखेड़ा और बल्लुआना में 24.14 करोड़ रुपये के सिंचाई विकास कार्यों का उद्घाटन
चन्ननखेड़ा और बल्लुआना में 24.14 करोड़ रुपये के सिंचाई विकास कार्यों का उद्घाटन
अबोहर: पंजाब के भूमि एवं जल संरक्षण, खनन एवं भू-विज्ञान तथा सिंचाई मंत्री बरिंदर गोयल ने विधानसभा हलका बल्लुआना के गांव चन्ननखेड़ा और बल्लुआना में नहरी सिंचाई व्यवस्था को मजबूत करने के लिए करीब 24.14 करोड़ रुपये की लागत वाले विकास कार्यों का उद्घाटन किया। इन परियोजनाओं से करीब 25 हजार एकड़ कृषि भूमि को सीधे सिंचाई सुविधा का लाभ मिलने की उम्मीद है।
इस अवसर पर बल्लुआना के विधायक अमनदीप सिंह गोल्डी मुसाफिर भी मौजूद रहे।
चन्ननखेड़ा में 21.46 करोड़ की लागत से 90 किलोमीटर खालों का निर्माण
गांव चन्ननखेड़ा में करीब 21.46 करोड़ रुपये की लागत से लगभग 90 किलोमीटर लंबे खालों का निर्माण किया गया है। इस परियोजना से करीब 23 हजार एकड़ कृषि क्षेत्र को सिंचाई की सुविधा मिलेगी।
मंत्री ने कहा कि इस परियोजना से किसानों के खेतों तक नहरी पानी की पहुंच बेहतर होगी और सिंचाई व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाया जा सकेगा।
बल्लुआना में 2.68 करोड़ से खालों का विस्तार
इसी तरह गांव बल्लुआना में 2.68 करोड़ रुपये की लागत से खालों के विस्तार का काम पूरा किया गया है। इसके तहत खालों की चौड़ाई 4 इंच से बढ़ाकर 9 इंच की गई है।
इस कार्य से करीब 1,581 एकड़ कृषि भूमि को लाभ मिलेगा। खालों की क्षमता बढ़ने से किसानों को सिंचाई के लिए पानी की उपलब्धता बेहतर होने की उम्मीद है।
25 हजार एकड़ कृषि भूमि को मिलेगा सीधा लाभ
बरिंदर गोयल ने कहा कि पंजाब सरकार किसानों के खेतों तक नहरी पानी पहुंचाने और नहरी सिंचाई व्यवस्था को मजबूत करने के लिए बड़े स्तर पर काम कर रही है।
उन्होंने कहा कि चन्ननखेड़ा और बल्लुआना में किए गए विकास कार्य इसी दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं। इन दोनों परियोजनाओं से कुल मिलाकर करीब 25 हजार एकड़ कृषि क्षेत्र को सीधा लाभ मिलेगा।
समय पर खेतों तक पहुंचेगा नहरी पानी
सिंचाई मंत्री ने कहा कि खालों की क्षमता बढ़ने और नए मोघों के निर्माण से खेतों तक नहरी पानी का वितरण अधिक व्यवस्थित और प्रभावी होगा। इससे किसानों को सिंचाई के लिए आवश्यक पानी समय पर उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी और कृषि उत्पादन को भी बढ़ावा मिल सकता है।
समान नहरी पानी वितरण पर सरकार का जोर
बरिंदर गोयल ने कहा कि सरकार का मुख्य उद्देश्य किसानों को नहरी पानी की समान और व्यवस्थित आपूर्ति सुनिश्चित करना है। पुराने सिंचाई ढांचे को मजबूत करने के साथ-साथ जरूरत वाले क्षेत्रों में नए खाल, मोघे और अन्य सिंचाई सुविधाएं विकसित की जा रही हैं।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी चल रहे सिंचाई प्रोजेक्ट निर्धारित समयसीमा के भीतर और गुणवत्ता के तय मानकों के अनुसार पूरे किए जाएं, ताकि किसानों को सरकारी योजनाओं का अधिकतम लाभ मिल सके।
किसानों ने सरकार का जताया आभार
इस मौके पर क्षेत्र के किसानों और ग्रामीणों ने सिंचाई सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए किए जा रहे विकास कार्यों का स्वागत किया। उन्होंने पंजाब सरकार और सिंचाई मंत्री बरिंदर गोयल का इन परियोजनाओं के लिए धन्यवाद किया।