अमित शाह के नेतृत्व में सुरक्षित हुआ देश, कांग्रेस की घटिया बयानबाजी बर्दाश्त नहीं: अखिलेश कपूर
कुल्लू: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के खिलाफ कांग्रेस प्रवक्ता पवन खेड़ा द्वारा की गई अभद्र और अमर्यादित बयानबाजी को लेकर हिमाचल प्रदेश भारतीय जनता पार्टी ने कड़ा रुख अख्तियार कर लिया है। प्रदेश भाजपा प्रवक्ता अखिलेश कपूर ने कांग्रेस पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि देश के गृह मंत्री जैसे गरिमामयी संवैधानिक पद पर आसीन व्यक्तित्व के खिलाफ “कायर”, “रनअवे होम मिनिस्टर” और “बौना” जैसे ओछे और आपत्तिजनक शब्दों का प्रयोग कांग्रेस की हताशा और गहरे राजनीतिक दिवालियापन को उजागर करता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि राजनीतिक विरोध और नीतियों की आलोचना लोकतंत्र का हिस्सा हो सकती है, लेकिन सार्वजनिक विमर्श में मर्यादा की सीमाएं लांघकर व्यक्तिगत लांछन लगाना किसी भी सूरत में स्वीकार नहीं किया जाएगा।
अखिलेश कपूर ने बताया कि हिमाचल भाजपा ने इस पूरे मामले को बेहद गंभीरता से लिया है और पार्टी के एक प्रतिनिधिमंडल ने शिमला के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ASP) से औपचारिक मुलाकात कर पवन खेड़ा के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज कर सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
भाजपा प्रवक्ता ने कांग्रेस शीर्ष नेतृत्व को सीधे कटघरे में खड़ा करते हुए सवाल किया कि क्या पार्टी आलाकमान अपने प्रवक्ता की इस बदजुबानी का मूक समर्थन करता है? उन्होंने कहा कि यदि कांग्रेस इस अमर्यादित भाषा के पक्ष में नहीं है, तो उसे तत्काल अपने नेता के बयान की सार्वजनिक निंदा करनी चाहिए और पूरे देश से बिना शर्त माफी मांगनी चाहिए।
केंद्रीय गृह मंत्री के कार्यकाल और कार्यप्रणाली का मजबूती से बचाव करते हुए भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि अमित शाह के दृढ़ नेतृत्व में देश की आंतरिक और सीमांत सुरक्षा अभूतपूर्व रूप से मजबूत हुई है। मोदी सरकार की ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति के चलते आतंकवाद और उग्रवाद की कमर टूट चुकी है। दशकों से अशांत रहे जम्मू-कश्मीर में धारा 370 के ऐतिहासिक खात्मे के बाद शांति और विकास का नया युग शुरू हुआ है, वहीं वामपंथी उग्रवाद और अलगाववादी गतिविधियों पर कड़ा प्रशासनिक नियंत्रण स्थापित किया गया है। आज देश के खुफिया तंत्र और सुरक्षा बलों को अत्याधुनिक संसाधनों से लैस कर त्वरित और निर्णायक कार्रवाई की पूरी छूट दी गई है।
पूर्ववर्ती यूपीए सरकार की लचर नीतियों पर निशाना साधते हुए अखिलेश कपूर ने कहा कि कांग्रेस के शासनकाल में देश की आंतरिक सुरक्षा बेहद नाजुक स्थिति में थी, जहां आए दिन महानगरों में आतंकी धमाके, सीमा पार से घुसपैठ और राष्ट्रविरोधी ताकतों का बोलबाला रहता था। इसके विपरीत, आज का भारत रक्षा और सुरक्षा के मोर्चे पर एक सजग, सक्षम और आत्मविश्वासी राष्ट्र बनकर उभरा है। कांग्रेस तथ्यहीन बयानबाजी करने और अपनी राजनीतिक जमीन तलाशने के बजाय यह स्वीकार करे कि अमित शाह के नेतृत्व में भारत आंतरिक और बाहरी दोनों मोर्चों पर पूरी तरह सुरक्षित और सशक्त हुआ है।